महाराष्ट्र के कोल्हापुर में सूक्ष्म भूमि घोंघे की नई प्रजाति 'डिकैरेक्स तिलारिएंसिस' की हुई खोज

ठाकरे वाइल्डलाइफ फाउंडेशन के शोधकर्ताओं ने महाराष्ट्र के कोल्हापुर जिले के तिलारी क्षेत्र से सूक्ष्म भूमि घोंघे (Microscopic Land Snail) की एक नई प्रजाति **'...

चर्चा में क्यों?

ठाकरे वाइल्डलाइफ फाउंडेशन के शोधकर्ताओं ने महाराष्ट्र के कोल्हापुर जिले के तिलारी क्षेत्र से सूक्ष्म भूमि घोंघे (Microscopic Land Snail) की एक नई प्रजाति **'डिकैरेक्स तिलारिएंसिस' (Dicharax tilariensis)** की खोज की है। यह शोध 24 अक्टूबर 2026 को कॉनकोलॉजिकल सोसाइटी ऑफ ग्रेट ब्रिटेन एंड आयरलैंड के *जर्नल ऑफ कॉनकोलॉजी* (Journal of Conchology) में प्रकाशित हुआ।

मुख्य विशेषताएं / प्रमुख बिंदु:

- खोजकर्ता व शोध टीम: यह खोज ठाकरे वाइल्डलाइफ फाउंडेशन (Thackeray Wildlife Foundation) के शोधकर्ताओं **अमृत भोसले, तेजस ठाकरे और अक्षय खांडेकर** द्वारा की गई है।

- स्थान व प्राकृतिक आवास:

- यह प्रजाति कोल्हापुर जिले के तिलारीनगर के पास स्थित स्वप्नवेल पॉइंट के समीप 700–800 मीटर की ऊंचाई पर पाई गई।

- यह अर्ध-सदाबहार वनों (Semi-evergreen Forests) में नमी वाली मिट्टी, पत्तों के कचरे और सड़ने वाले जैविक पदार्थों के बीच निवास करती है।

- प्रजाति की विशिष्टता:

- यह उत्तरी पश्चिमी घाट (Northern Western Ghats) की स्थानिक (Endemic) 'डिकैरेक्स' वंश की केवल दूसरी ज्ञात प्रजाति है।

- इसका नाम तिलारी क्षेत्र (Tilari Region) के नाम पर 'तिलारिएंसिस' रखा गया है।

स्टैटिक जीके फैक्ट्स (Static GK Facts):

- पश्चिमी घाट (Western Ghats):

- अन्य नाम: **सह्याद्रि पर्वत श्रृंखला (Sahyadri Mountains)**।

- दर्जा: **यूनेस्को विश्व धरोहर स्थल** (2012 में शामिल) तथा विश्व के प्रमुख **जैव विविधता हॉटस्पॉट** (Biodiversity Hotspots) में से एक।

- विस्तार: 6 राज्य (गुजरात, महाराष्ट्र, गोवा, कर्नाटक, केरल और तमिलनाडु)।

- कॉनकोलॉजी (Conchology):

- विज्ञान की वह शाखा जिसके अंतर्गत मोलस्क (Molluscs) जीवों के खोल/कवच (Shells) का अध्ययन किया जाता है।

वन-लाइनर क्विज़ (All Competitive Exams):

Q: महाराष्ट्र के कोल्हापुर जिले के तिलारी क्षेत्र में हाल ही में खोजी गई सूक्ष्म भूमि घोंघे की नई प्रजाति का वैज्ञानिक नाम क्या है?

A: डिकैरेक्स तिलारिएंसिस (Dicharax tilariensis)

Q: 'डिकैरेक्स तिलारिएंसिस' नामक नई घोंघा प्रजाति की खोज किस संस्था के शोधकर्ताओं (अमृत भोसले, तेजस ठाकरे, अक्षय खांडेकर) द्वारा की गई?

A: ठाकरे वाइल्डलाइफ फाउंडेशन (Thackeray Wildlife Foundation)

Q: मोलस्क (Molluscs) जीवों के खोल या शेल का अध्ययन विज्ञान की किस शाखा के अंतर्गत किया जाता है?

A: कॉनकोलॉजी (Conchology)

Q: पश्चिमी घाट (Western Ghats) को यूनेस्को (UNESCO) द्वारा किस वर्ष विश्व धरोहर स्थल घोषित किया गया था?

A: वर्ष 2012 में

#DicharaxTilariensis #LandSnail #NewSpecies #Maharashtra #WesternGhats #ThackerayWildlifeFoundation #CurrentAffairs #StaticGK

More in पर्यावरण और वन्यजीव

View all
पर्यावरण और वन्यजीव

दक्षिण भारत में कनखजूरे (Centipede) की 3 नई प्रजातियों की खोज

वैज्ञानिकों ने दक्षिण भारत में कनखजूरे (Centipede) की **'रिसिडा' (Rhysida)** जीनस से जुड़ी तीन नई प्रजातियों की खोज की है। इस खोज के साथ भारत में इस कुल की प...

Read article
पर्यावरण और वन्यजीव

थाईलैंड के राष्ट्रीय उद्यान में पाई गई नई दुर्लभ प्रजाति 'डेविल फ्लावर' (Thismia daemona)

शोधकर्ताओं ने पश्चिमी थाईलैंड के थॉन्ग फा फूम राष्ट्रीय उद्यान (Thong Pha Phum National Park) में एक नए बिना पत्तियों वाले फूलों के पौधे की खोज की है, जिसे इ...

Read article

Continue your exam preparation journey.

or continue with email